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डर्मा फिलर्स की मदद से आईब्रो को शेप दें Shape EyeBrow with Derma Fillers

डर्मा फिलर्स की मदद से आईब्रो को शेप दें Shape Eye Brow with Derma Fillers

बढ़ती उम्र के साथ आपके चेहरे पर कई बदलाव देखने को मिलते हैं. लोगों में झुर्रियों की समस्या शुरू होने लगती है. फोरहेड और आईब्रो लटकने लगती हैं और बल्कि आंखों की पलकें भारी दिखने लगती हैं. आंखों के आसपास लटकती स्किन की वजह से आंखें छोटी लगने लगती हैं और आंखों की पुतलियां धुंधली लगने लगती हैं. सर्जरी एक विकल्प हो सकती है, लेकिन कई लोग इस विकल्प को चुनने में बेहद हिचकिचाते हैं. यह डर इसलिए होता है क्योंकि लोगों को लगता है कि सर्जरी कराने से कुछ उल्टा परिणाम हो जाए या फिर सर्जरी में बेहद दर्द हो.
लेकिन अब, आप डर्मा फिलर्स और डर्मा वर्ल्ड की मदद से आईब्रो को शेप दे सकते हैं. यह एक बेहतरीन क्लिनिक है जिसकी ब्रांच आपको दिल्ली या कई जगह देखने को मिल सकती हैं. इस प्रक्रिया में बेहद कम दर्द होता है साथ ही ये आईब्रो को जवान बनाता है और त्वचा को लटकने नहीं देता.


Shape EyeBrow with Derma Fillers also Lips etc डर्मा फिलर्स की मदद से आईब्रो को शेप दें

 

 

Eye Brow Shaping डर्मल फिलर्स द्वारा आईब्रो को शेप देने के बारे में -

जैसे- जैसे आपकी उम्र बढ़ती है तो मुलायम और त्वचा के ऊतकों की लोच कम हो जाती है. तो, डर्मल फाइलर इंजेक्शन  त्वचा में लोच वापस लाने में मदद करते हैं. इंजेक्शंस झुर्रियों और आईब्रो वाले क्षेत्रों की त्वचा पर भरे जाते हैं. इससे आईब्रो वाला क्षेत्र उठ जाता है और इस तरह आपकी त्वचा जवान और ताज़ा लगने लगती है.
नॉन- सर्जिकल तरीके से आईब्रो को उठाने के लिए कई प्रकार के इंजेक्टेबल फिलर उत्पादों का इस्तेमाल किया जाता है. यह समय के अंतराल पर निर्भर करते हैं जिससे कि उनका प्रभाव लम्बे समय तक रहे. या फिर त्वचा में कितनी मात्रा में इंजेक्शन का डोस दिया है उसपर भी निर्भर करता है. लेकिन डॉक्टर तीन तरीकों से ट्रीटमेंट को विभाजित करता है


  1.  पर्मानेंट

  2.  नॉन-पर्मानेंट

  3. सेमी-परमानेंट



आमतौर पर, लोग नॉन- पर्मानेंट फिलर का विकल्प चुनते हैं क्योंकि इसका प्रभाव काफी कम समय के लिए होता है (ज्यादा से ज्यादा 6 महीने तक). इसमें बदलाव भी हो सकता है अगर व्यक्ति को फिलिंग पसंद नहीं आती है तो. लेकिन अगर कोई स्थायी भराव पाने का विकल्प चुनता है, तो उन्हें इसके प्रभावों को दूर करने के लिए सर्जरी कराने की आवश्यकता होगी. जो लोग नॉन-  पर्मानेंट या सेमी- पर्मानेंट फिलर चुनते हैं वो अक्सर रोजाना इंजेक्शन का ऑप्शन चुनते हैं. इस तरह आईब्रो को ऊपर उठाने शेप देने में मदद मिलती है.

सही मापदंड -

जिन लोगों को एजिंग की समस्या के लक्षण दिखाई देने लगते हैं, झुर्रियां दिखनी शुरू हो जाती हैं और उनकी आईब्रो और फोरहेड के आसपास का क्षेत्र लटकने लगता है -तो वो अक्सर डर्मल फिलर द्वारा आईब्रो उठाने का ट्रीटमेंट कराते हैं. वे सर्जिकल प्रक्रिया से ज्यादा डर्मल फाइलर इंजेक्शन का विकल्प अधिक चुनते हैं क्योंकि इसमें दर्द कम होता है सही होने ज्यादा समय नहीं लगाता.

Eyebrow Shaping Expectations आप क्या उम्मीद कर सकते हैं

अपने प्रैक्टिशनर से मिलने के बाद, वह आपको सुझाएगा कि आपके लिए कौन सा ब्रांड और प्रकार का फ़िलर सबसे अच्छा होगा- गैर-स्थायी, अर्ध-स्थायी या स्थायी. जब आप एक बार फिलर के प्रकार के बारे में फैसला कर लेंगे, तो वो एनेस्थिटक क्रीम लगाने से शुरू करेगा जो कि कभी- कभी फिलर मैटेरियल में पहले से ही मौजूद होगी. तो आपको पूरी प्रक्रिया में किसी भी तरह का दर्द महसूस नहीं होगा. फिर कुछ मात्रा में डर्मल फिलर लेते हुए, प्रैक्टिशनर फोरहेड और आईब्रो वाले क्षेत्र पर लगाएगा. मरीज को ट्रीटमेंट करवाने के लिए एक से आधा घंटा लगेगा. मरीज को बैंडेज की भी जरूरत नहीं है. डॉक्टर कुछ आम सलाह देगा जिसका पालन आपको करना पड़ेगा. वह आपको होने वाले साइड इफेक्ट के बारे में बताएगा और अगर साइड इफेक्ट होते भी हैं तो वो आपको जांच के लिए बुला सकता है. आईब्रो को पहले जैसा ठीक रखने के लिए इस तरह के ट्रीटमेंट एक साल तक चल सकते हैं. इसे रोकने के लिए, कई मरीज डर्मल फिलर्स द्वारा आईब्रो को समय- समय पर शेप में लाने का विकल्प चुनते हैं. इस तरह आईब्रो हमेशा जवान बनी रहती है.





Dermal Fillers chart

साइड इफेक्ट और संभावित जटिलताएं

कुछ आम साइड इफेक्ट्स हैं जैसे चोट लगना, मामूली सूजन, लालिमा और कोमलता जो आमतौर पर मरीजों को डर्मल फिलर्स द्वारा ब्रो उठाने के बाद अनुभव होती है. लेकिन वे आमतौर पर एक दो दिनों में कम हो जाते हैं और मेकअप का उपयोग करके इन्हें छुपाया जा सकता है. डर्मल फिलर की मदद से इस तरह की जटिलताएं कम देखी जाती हैं, कुछ मरीज इंजेक्शन और एलर्जी रिएक्शन की वजह से भी परेशान रहते हैं.
कभी- कभी, इंजेक्शन वाले क्षेत्र पर स्किन के नीचे गांठ भी बन जाती है. समय के साथ- साथ, उस क्षेत्र पर मसाज करने से गांठ चली जाती है. यही कारण है कि प्रेक्टिशनर मरीज को डर्मल फिलर ट्रीटमेंट के बाद उस क्षेत्र पर हाथ लगाने या उस क्षेत्र को रगड़ने से मना करते हैं.

Cost of Derma fillers डर्मा फिलर्स की कीमत

डर्मल फिलर द्वारा आईब्रो को उठाने की कीमत आपके ऊपर होती है कि आप किस तरह का ट्रीटमेंट कराना चाहते हैं. लेकिन आमतौर पर, कई लोगों को मनचाहा परिणाम एक मिलीलीटर डर्मल फिलर उत्पाद से भी मिल जाता है. लेकिन कुछ लोगों को और डर्मल फिलर की जरूरत होती है जिसकी वजह से कीमत बढ़ जाती है. तो अच्छा होगा अगर आप डॉक्टर से सारी जानकारी ले लें और फिर निर्णेय लें कि आपको कौनसा ट्रीटमेंट सही रहेगा. तो जो लोग बढ़ती उम्र की वजह से अपने चेहरे पर एजिंग के लक्षण देखकर परेशान हैं उन्हें अब घबराने की जरूरत नहीं है.  
यह बेहतरीन ट्रीटमेंट आपको जवान और फ्रेश लुक देने में मदद करेगा. इस तरह आप अपने लिए अपनी आधे बचे हुए जीवन में और कॉंफिडेंट महसूस करेंगे.


ध्यान दें: राइट-अप सबसे अधिक प्रचलित मीडिया जानकारी पर आधारित है और यह चिकित्सीय सलाह नहीं है। किसी भी चिकित्सा उपचार के लिए अपने अधिकृत विशेषज्ञ से परामर्श करें







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